युद्धाभ्यास के दौरान# इटावा # का पुत्र हुआ शहीद

 इटावा के लाल शहीद संदीप सिंह का पार्थिव शरीर मंगलवार को ग्राम बिठौली पहुंचा। फूफ चौरैला मार्ग पर पूरे राजकीय सम्मान के साथ हजारों लोगों ने शहीद बिठौली के लाल को अश्रुपूरित श्रद्धांजलि अर्पित की। बड़े पुत्र अंकुर (12) ने पिता की चिंता को मुखाग्नि दी।


 



[ शहीद के अंतिम संस्कार के समय हर मौजूद व्यक्ति की आंख नम थी। सैनिक संदीप सिंह युद्धाभ्यास के दौरान चट्टान गिरने के कारण शहीद हो गए थे। वे अपने पीछे पत्नी, पिता एवं तीन पुत्रों  को रोता-बिलखता छोड़ गए हैं। बिठौली गांव में संदीप सिंह परिहार का परिवार देशभक्ति के लिए जाना जाता है



 


 इस परिवार की तीन पीढ़ियों से लगातार सेना में भर्ती होकर देश सेवा की जा रही है। इनके बाबा त्रिभुवनसिह परिहार, उदयवीर सिंह परिहार, पिता शिवप्रताप सिंह परिहार, चाचा दीपू सिंह परिहार, भतीजा रामू सिंह परिहार सभी सेना की सेवा कर रहे हैं या कर चुके हैं।


 



 शहीद संदीप सिंह परिहार गंगटोक में युद्ध अभ्यास के दौरान दुर्घटना का शिकार हो गए। 18 जनवरी को जब यह दुखद सूचना शहीद के परिजनों को मिली तो पूरे क्षेत्र में शोक लहर दौड़ गई। तीसरे दिन शहीद का शव जब गांव पहुंचा तो हजारों लोगों ने भारत मां की जय और संदीप सिंह परिहार अमर रहे के नारे लगाए।